28 October, 2026

Karwa Chauth करवा चौथ 2026 Gift Items


करवा चौथ 2026 


हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण त्योहारों में से
एक करवा चौथ है | यह कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी के दिन मनाया जाता है । इस वर्ष करवा चौथ का व्रत 29 अक्टूबर 2026 को किया जाएगा ।
करवा चौथ भारत वर्ष में सुहागिन महिलाओं का एक प्रमुख त्योहार है । इस दिन महिलायें भूखी प्यासी रह कर अपने पति की लम्बी उम्र के लिए व्रत रखती है | तो पति भी अपनी पत्नी के इस त्याग के लिए उनके लिए अच्छे-
अच्छे गिफ्ट ख़रीदते है |

तो यहाँ कुछ गिफ्ट दिए गए है जो एक पति अपनी पत्नी को करवा चौथ के दिन दे सकते हैं - 


Perfume Set - For Women


खुशबूदार सेंट हमेशा महिलाओं की पहली पसंद रही है | आप करवा चौथ पर अपनी पत्नी को एक लग्जरी सेंट का सेट दे सकते हैं |

लग्जरी सेंट का सेट 1 : https://link.amazon/B05Kx8DIs

सेंट का सेट 2 : https://link.amazon/B0b02luoH


Printed Cushion


आजकल तकिया के कवर में प्रिन्ट किये गए प्यारे मैसेज का काफी चलन है | आप भी इस तरह के प्रिंटेड तकिये गिफ्ट में दे सकते है | जिनमें अच्छे-अच्छे मैसेज प्रिंट हो |

Printed Cushion Gift 1 - https://link.amazon/B05EQzn3M

Printed Cushion Gift 2 - https://link.amazon/B08NC5HT8

Printed Cushion Gift 3 - https://link.amazon/B0e0ifqyL 

 

आप देख रहे है - Karwa Chauth 2026 Gift Items and ideas. आप इन लिंक में क्लिक कर के इन्हें देख और खरीद सकते हैं | करवा चौथ व्रत कथा वॉल पोस्टर - https://link.amazon/B0haInaI2

Decorative Items


प्यारे सजावट के छोटी छोटी चीजें सस्ती होने के साथ साथ अपनी पत्नी के लिए, आपके प्यार को दिखाने का अच्छा माध्यम होती हैं | ये आपकी प्यार भरी भावनाओं को प्रकट करती है और आपने साथी के लिए आपके प्यार को दर्शाती है |

जैसे -


Cute Romantic Couple Showpiece 1- https://link.amazon/B07wQY8qB 

Cute Romantic Couple Showpiece 2- https://link.amazon/B01UKqgJf

Jewellery Pendant 


जैसे कि महिलाओं को आभूषणों से बहुत प्यार होता है और यह उनकी पहली पसंद होती है | तो आप इस त्यौहार में उन्हें ज्वैलरी पेंडेंट, कान के ईयररिंग, ब्रेसलेट्स आदि दे सकते हैं | 


Heart Pendant Chain - https://link.amazon/B06UznJVo 

Real Pearl Pendant with Chain - https://link.amazon/B0iaAYlQv 

Earrings - https://link.amazon/B0drtSGdi

Earrings Sets - https://link.amazon/B07Xgochm 

 

इसके अलावा कई सारे शोपीस आइटम जैसे गुलाब का फूल, कप, कार्ड आदि भी आप दे सकते हैं |
 

Cup - https://link.amazon/B04rf1StP 

First Karwa chauth Cup - https://link.amazon/B04C1MeEO
 

Karwa Chauth Vrat Katha Wall Poster - https://link.amazon/B0haInaI2

 

आशा करता हूँ आपको यह जानकारी पसंद आई होगी |

धन्यवाद 

Happy Karwa Chauth 2026. 

हैप्पी करवा चौथ 2026




03 August, 2026

Ladder for Home : घर के लिए सीढ़ी

घर के लिए सीढ़ी 

        आज के दौर में हर घर में एक अच्छी और भरोसेमंद सीढ़ी (Ladder) का होना उतना ही ज़रूरी हो गया है जितना कि बाकी ज़रूरी सामान। चाहे पंखे की सफाई करनी हो, बल्ब बदलना हो, दीवारों पर पेंटिंग/सजावट करनी हो या स्टोर या किचन के ऊपरी रैक से डिब्बे निकालने हों | ऐसे में एक सीढ़ी, कुर्सी या स्टूल की जरूरत तो पड़ती है पर हर काम के लिए कुर्सी या स्टूल पर चढ़ना खतरनाक हो सकता है और कई बार आप मनचाही ऊँचाई तक नहीं पहुँच पाते और साथ ही इनसे गिरने और चोट लगने का जोखिम हमेशा बना रहता है। इस समस्या का सबसे सुरक्षित और टिकाऊ हल है एक सीढ़ी | 

तो आज के इस लेख में बात करेंगे प्लांटेक्स (Plantex) कंपनी की 5-स्टेप एंटी-स्किड सीढ़ी की।



आइए विस्तार से जानते हैं कि यह सीढ़ी क्यों घर और कार्यस्थल के लिए एक बेहतरीन विकल्प है।

मजबूत बनावट और प्रीमियम क्वालिटी 


प्लांटेक्स की यह 5-स्टेप सीढ़ी उच्च गुणवत्ता (High-Grade) अलॉय स्टील से बनाई जाती है, जो इसे बेहद मजबूत और टिकाऊ बनाती है। यह भारी वजन 150 Kg तक को आसानी से संभाल सकती है, जिससे कोई भी व्यक्ति बिना किसी डर के इस पर चढ़कर काम कर सकता है। इसकी मेटल बॉडी पर जंग-रोधी (Corrosion-resistant) कोटिंग होती है, जिससे यह सालों-साल बिना खराब हुए चमकती रहती है।

एंटी-स्किड तकनीक: सुरक्षा सबसे पहले


इस सीढ़ी की सबसे बड़ी खासियत इसका एंटी-स्किड (Anti-Skid) डिजाइन है, जो सीढ़ी पर चढ़ने या उतरते समय पर हादसों के खतरे को खत्म कर देता है:

चौड़े और ग्रिप वाले स्टेप्स: इसके पाँचों पायदान (Steps) काफी चौड़े होते हैं और उन पर रबर या टेक्सचर्ड एंटी-स्किड ग्रिप बनी होती है। इससे पैर फिसलने का डर नहीं रहता, चाहे आपने चप्पल पहनी हो या नंगे पैर हों। इन पायदान (Steps) की चौड़ाई 20 cm और लम्बाई 30 cm तक है |  

एंटी-स्किड PPCP फीट: सीढ़ी के पैरों पर प्रीमियम क्वालिटी के Polypropylene Copolymer बूट्स लगे होते हैं। यह फर्श पर ज़बरदस्त ग्रिप बनाए रखते हैं, जिससे सीढ़ी हिलती नहीं है। साथ ही, यह आपके टाइल्स या मार्बल के फर्श पर खरोंच (Scratch) भी नहीं पड़ने देते।



स्मार्ट और आरामदायक डिजाइन


प्लांटेक्स ने इस सीढ़ी को इस्तेमाल करने वाले की सुविधा को ध्यान में रखकर डिजाइन किया है:

कुशन ग्रिप हैंडरेल: सबसे ऊपर एक सॉफ्ट और आरामदायक ग्रिप दी गई है। चढ़ते या उतरते वक्त इसे पकड़ना आसान होता है और ऊंचाई पर काम करते समय संतुलन (Balance) बनाए रखने में मदद मिलती है।

5-स्टेप की सही ऊंचाई: 5 स्टेप्स की ऊंचाई आम भारतीय घरों की छत (Ceiling) और ऊंचे अलमारियों तक पहुँचने के लिए बिल्कुल परफेक्ट है।

फोल्डेबल और स्पेस-सेविंग


आजकल घरों में जगह की बचत करना बहुत ज़रूरी है। प्लांटेक्स की यह सीढ़ी फोल्डेबल (Foldable) है। काम खत्म होने के बाद आप इसे दीवार के सहारे रख सकते हैं | यह बहुत कम जगह घेरती है और घर के किसी भी कोने में आसानी से फिट हो जाती है।

बहुउपयोगी (Multipurpose Use)

 
यह सीढ़ी केवल घरेलू कामों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसका उपयोग अलग-अलग जगहों पर किया जा सकता है:-
घरों में: सफाई, सजावट, पर्दे लगाने या किचन शेल्फ व्यवस्थित करने के लिए।
दुकानों और ऑफिस में: फाइलों, स्टॉक या सामान को ऊंचे रैक पर रखने और निकालने के लिए।
लाइब्रेरी और गोदामों में: किताबों और भारी डिब्बों की आसान हैंडलिंग के लिए।


        सुरक्षा और सुविधा के मामले में कोई समझौता नहीं होना चाहिए। प्लांटेक्स 5-स्टेप एंटी-स्किड सीढ़ी एक ऐसा वन-टाइम इनवेस्टमेंट है जो आपके घर के रोज़मर्रा के कठिन कामों को आसान, तेज़ और सुरक्षित बनाता है। यदि आप अपने घर या बिजनेस के लिए एक मजबूत, टिकाऊ और सुरक्षित सीढ़ी की तलाश में हैं, तो यह एक बेहतरीन और भरोसेमंद चुनाव हो सकता है। इसके लिंक्स इस लेख में दिए गए हैं - 

लिंक - https://link.amazon/B0iohSYt4



धन्यवाद 

Thank You

5 प्लांट/पौधे जिन्हें आप घर पर, बेडरूम में रख सकते हैं -
 
मनी प्लांट:- https://link.amazon/B0fz0tamV
स्नेक प्लांट:- https://link.amazon/B0cdMjzqI
वीपिंग फिग:- https://link.amazon/B0hCi9Eqv
बैम्बू पाम प्लांट:- https://link.amazon/B0iA24f90
स्पाइडर प्लांट:- https://link.amazon/B0gEssNDJ
 
कुछ महत्वपूर्ण रत्न  

माणिक:- https://link.amazon/B0dFzvi1D
नीलम:- https://link.amazon/B0aTEyk6i
पन्ना:- https://link.amazon/B069SwUoJ
मोती:- https://link.amazon/B04MM2k4i
पुखराज:- https://link.amazon/B03PImQ9x
लेहसुनिया:- https://link.amazon/B07sh0Y2W

 

  

02 August, 2026

Sphatik Shivling : ॐ नमः शिवाय

स्फटिक शिवलिंग: , ऊर्जा, पवित्रता और आध्यात्मिक चेतना का प्रतीक

ॐ नमः शिवाय ||  

हमारे सनातन धर्म में भगवान शिव की पूजा लिंग रूप में की जाती है। शिवपुराण और अन्य धार्मिक ग्रंथों में विभिन्न प्रकार के शिवलिंगों का वर्णन मिलता है, जिनमें मिट्टी, पत्थर, धातु और रत्नों से बने अनेक शिवलिंग शामिल हैं। इनमें से स्फटिक शिवलिंग (Sphatik Shivling) को अत्यंत पवित्र, ऊर्जावान और शीघ्र फलदायी माना गया है।

लिंक- https://link.amazon/B07gZ3u1b     


स्फटिक क्या है?
स्फटिक (Quartz Crystal) एक पारदर्शी और प्राकृतिक रत्न है, जो पृथ्वी के गर्भ में वर्षों की प्राकृतिक प्रक्रियाओं से बनता है। दिखने में यह कांच की तरह पारदर्शी और बर्फ की तरह शीतल होता है। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से स्फटिक में ऊर्जा को अवशोषित, संचित और प्रसारित करने की अद्भुत क्षमता होती है।

स्फटिक शिवलिंग का महत्व और विशेषताएं


अभिषेक का विशेष फल:

शास्त्रों के अनुसार, स्फटिक शिवलिंग पर जल या दूध से अभिषेक करने पर जो पुण्य प्राप्त होता है, वह अन्य साधारण शिवलिंगों की तुलना में कई गुना अधिक होता है। 

ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार:

स्फटिक शिवलिंग में प्राकृतिक रूप से सकारात्मक ऊर्जा होती है। इसकी पूजा करने से घर और आसपास का वातावरण शुद्ध होता है तथा नकारात्मक शक्तियां दूर भागती हैं।

मानसिक शांति और शीतलता:

स्फटिक का स्वभाव शीतल होता है। जिस प्रकार भगवान शिव शांत और ध्यानस्थ रहते हैं, उसी प्रकार स्फटिक शिवलिंग की पूजा करने से व्यक्ति का मन एकाग्र होता है, गुस्सा शांत होता है और मानसिक तनाव से मुक्ति मिलती है।

तंत्र और ज्योतिष में स्थान:

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, स्फटिक का संबंध शुक्र ग्रह से माना जाता है। इसकी उपासना से कुंडली में शुक्र ग्रह के अशुभ प्रभाव दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है।


लिंक- https://link.amazon/B0ag0MEMx

 

स्फटिक शिवलिंग की पूजा के लाभ

सुख और समृद्धि: घर में स्फटिक शिवलिंग स्थापित कर नियमित जल चढ़ाने से धन, वैभव और ऐश्वर्य में वृद्धि होती है।

स्वास्थ्य लाभ: यह माना जाता है कि स्फटिक की शीतलता से घर का वातावरण रोगमुक्त रहता है और परिवार के सदस्यों का स्वास्थ्य बेहतर होता है।

विद्या और एकाग्रता: विद्यार्थियों के लिए स्फटिक शिवलिंग की पूजा बहुत लाभदायक मानी गई है, क्योंकि यह ध्यान केंद्रित करने और एकाग्रता बढ़ाने में मदद करता है।

वास्तु दोष निवारण: यदि घर में कोई वास्तु दोष है, तो स्फटिक शिवलिंग स्थापित करने से वहां की नकारात्मक ऊर्जा समाप्त हो जाती है।


ध्यान देने योग्य मुख्य बातें:

असली की पहचान: स्फटिक शिवलिंग हमेशा असली और प्राकृतिक होना चाहिए। कांच या प्लास्टिक के बने शिवलिंग का धार्मिक लाभ नहीं मिलता। कई बार कांच के बने शिवलिंग को स्फटिक के नाम पर बेच दिए जाते हैं | 

पूजा और साफ-सफाई: इन्हें हमेशा स्वच्छ स्थान पर स्थापित करें और उत्तर या पूर्व दिशा में मुख करके पूजा करनी चाहिए।


अंत में स्फटिक शिवलिंग केवल पूजा की एक प्रतिमा नहीं, बल्कि दिव्य ऊर्जा का एक अद्भुत स्रोत है।  यदि पूर्ण श्रद्धा, भक्ति और शुद्ध मन से स्फटिक शिवलिंग की पूजा की जाए, तो व्यक्ति को भौतिक सुखों के साथ-साथ आध्यात्मिक शांति की प्राप्ति भी होती है।

 ॐ नमः शिवाय || 

 लिंक- https://link.amazon/B0iYd65qg  

 


 ॐ नमः शिवाय || 

वीडियो - 

 

 

01 June, 2026

Amethyst Gemstone कटेला रत्न

कटेला रत्न Amethyst Gemstone     

क्या आप जानते हैं कि बेहद खूबसूरत और गहरे बैंगनी रंग का कटेला रत्न (जिसे इंग्लिश में Amethyst कहा जाता है) सिर्फ दिखने में ही लाजवाब नहीं है, बल्कि इसके ज्योतिषीय और हीलिंग फायदे भी हैरान कर देने वाले होते हैं | 

इसे न्याय के देवता शनि देव का उपरत्न माना जाता है। जो लोग नीलम (Blue Sapphire) नहीं पहन सकते, उनके लिए कटेला एक बेहद प्रभावशाली और बजट-फ्रेंडली विकल्प होता है। 

 


 

कटेला रत्न के फायदे

तनाव और एंग्जायटी से मुक्ति : अगर आप हर छोटी बात पर परेशान हो जाते हैं, तो कटेला आपके दिमाग को शांत करता है। यह ओवर-थिंकिंग (ज्यादा सोचना) को कम कर मानसिक सुकून देता है।

बुरी आदतों से छुटकारा : प्राचीन काल से ही कटेला को 'Detox Stone' माना गया है। यह इंसान को हर तरह के नशे और बुरी आदतों से दूर रखने में मदद करता है।

करियर और व्यापार में तरक्की : शनि देव की कृपा से माना जाता है कि यह रत्न फोकस और निर्णय लेने की क्षमता (Decision Making) को बढ़ाता है, जिससे नौकरी और बिजनेस में सफलता मिलती है।

अच्छी नींद : अगर आपको रात में ठीक से नींद नहीं आती या बुरे सपने आते हैं, तो इस रत्न की एनर्जी आपके स्लीप पैटर्न को बेहतर बनाती है।

 फैशन और एस्ट्रोलॉजी का परफेक्ट कॉम्बो: इसे आप अंगूठी (Ring), पेंडेंट या ब्रेसलेट के रूप में चांदी में बनवाकर शनिवार के दिन धारण कर सकते हैं। यह आपके लुक को भी रॉयल बनाता है और लाइफ में पॉजिटिविटी भी लाता है।

इसके link हैं -    https://link.amazon/B05iYMO5t

 

अमेथिस्ट पेंडेंट: खूबसूरती और सुकून का बेहतरीन संगम


क्या आप अपने लुक में थोड़ी रॉयल्टी और अपनी ज़िंदगी में थोड़ी शांति जोड़ना चाहते हैं? तो यह अमेथिस्ट पेंडेंट (Amethyst Pendant) सिर्फ आपके लिए है | इसे सिर्फ एक ज्वेलरी पीस मत समझिए; यह गहरे बैंगनी (Purple) रंग का क्रिस्टल अपने आप में बेहद खास है।

इसके link हैं- https://link.amazon/B021395Q8


किसे पहनना चाहिए?

कुंभ (Aquarius) और मकर (Capricorn) राशि के जातकों के लिए यह रत्न बेहद शुभ माना जाता है।

फरवरी महीने में जन्मे लोगों का यह बर्थस्टोन (Birthstone) है।


Link - https://link.amazon/B0aVqEqmp

अंत में हमारे इस लेख को पढ़ने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद | 


#KatelaRatna #AmethystHindi #GemstoneAstrology #ShaniDev #AmethystStone #JyotishRatna #AstrologyVibes #NaturalGemstones #MentalPeace #IndianJewelry

 

 वीडियो - 

 

 

 

 

 

 

26 May, 2026

Shree Yantra श्री यंत्र

श्री यंत्र 


श्री यंत्र (या श्री चक्र) हिंदू धर्म और तंत्र शास्त्र में सबसे पवित्र, शक्तिशाली और महत्वपूर्ण यंत्रों में से एक माना जाता है। इसे "यंत्र राज" यानि सभी यंत्रों का राजा भी कहा जाता है। इसमें 'श्री' का अर्थ होता है लक्ष्मी, ऐश्वर्य और समृद्धि | वही 'यंत्र' शब्द का अर्थ है वह साधन या आकृति जो ऊर्जा को केंद्रित करती है।

मान्यता है कि यह केवल एक ज्यामितीय आकृति नहीं है, बल्कि यह ब्रह्मांड की उत्पत्ति, विकास और मानव शरीर की ऊर्जा का प्रतीक है।


श्री यंत्र की बनावट (ज्यामिति)

 श्री यंत्र की रचना अत्यंत जटिल और वैज्ञानिक है। इसमें 9 अंतर्ग्रथित (interlocking) त्रिकोण होते हैं, जो इस प्रकार कटे होते हैं कि उनसे कुल 43 छोटे-छोटे त्रिकोणों का निर्माण होता हैं | इनमें -

4 ऊपर की ओर ऊर्ध्वमुखी त्रिकोण होते हैं | ये शिव (पुरुषत्व/ब्रह्मांडीय चेतना) के प्रतीक हैं।

5 नीचे की ओर अधोमुखी त्रिकोण होते हैं | ये शक्ति (नारीत्व/प्रकृति) के प्रतीक हैं।

 

इसके अलावा यह यंत्र नौ स्तरों (नौ चक्रों) से मिलकर बना होता है, जो इस प्रकार कहे गए हैं :-

भूपुर: सबसे बाहरी चौकोर घेरा, जो पृथ्वी तत्व और सांसारिक सीमाओं को दर्शाता है।

षोडश दल कमल: 16 पंखुड़ियों वाला कमल।

अष्ट दल कमल: 8 पंखुड़ियों वाला कमल।

चतुर्दशार: 14 छोटे त्रिकोणों का चक्र।

बहिर्दशार: 10 बाहरी त्रिकोणों का चक्र।

अन्तर्दशार: 10 आंतरिक त्रिकोणों का चक्र।

अष्टार: 8 त्रिकोणों का चक्र।

त्रिकोण: सबसे अंदर का मुख्य त्रिकोण।

बिंदु: यह सबसे केंद्र में स्थित बिंदु है जो साक्षात् आदि शक्ति और शिव का संयुक्त रूप है। यह ब्रह्मांड की उत्पत्ति का केंद्र माना जाता है। 

 

श्री यंत्र के प्रकार

श्री यंत्र मुख्य रूप से तीन प्रकार के होते हैं:-

समतल (2D): यह कागज़, भोजपत्र या तांबे की प्लेट पर उकेरा हुआ समतल श्रीयंत्र होते हैं।

 

लिंक - https://link.amazon/B02iE8Uwj

उभरा हुआ (3D), मेरु-प्रस्तार : यह 3D आकृति का तांबे, पीतल या चांदी के पिरामिड के आकार में श्रीयन्त्र होते हैं ।

 


लिंक -   https://link.amazon/B0duxzBW6

स्फटिक (Crystal): पारदर्शी शुद्ध क्वार्ट्ज क्रिस्टल से तराशा गया स्फटिक का 3D आकार का श्रीयंत्र होता है जिसकी अपनी विशेष मान्यता और महत्त्व है ।

 


लिंक -   https://link.amazon/B0fEFxIjO



धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व


त्रिपुर सुंदरी का निवास: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, श्री यंत्र साक्षात् देवी महात्रिपुर सुंदरी (ललिता देवी) का ब्रह्मांडीय रूप है। इसमें सभी देवी-देवताओं की शक्तियां समाहित मानी जाती हैं।

ब्रह्मांड का प्रतीक: यह यंत्र दर्शाता है कि कैसे एक सूक्ष्म बिंदु (ऊर्जा) से पूरे संसार का विस्तार हुआ है। साधना के दौरान बाहरी घेरे से केंद्र (बिंदु) की ओर जाना, व्यक्ति की सांसारिक मोह से आध्यात्मिक सर्वोच्चता की ओर यात्रा को दर्शाता है।

श्री यंत्र के लाभ और प्रभाव


शास्त्रों के अनुसार, घर या कार्यस्थल पर विधि-विधान से स्थापित श्री यंत्र की पूजा करने से कई लाभ मिलते हैं:

धन और समृद्धि: यह देवी लक्ष्मी को आकर्षित करता है, जिससे आर्थिक तंगी दूर होती है और व्यापार व जॉब में उन्नति होती है।

सकारात्मक ऊर्जा का संचार: श्री यंत्र अपने आसपास की नकारात्मक ऊर्जा (वास्तु दोष, नजर दोष) को दूर करता है और सकारात्मकता का संचार करता है।

मानसिक शांति और एकाग्रता: इस यंत्र के केंद्र (बिंदु) पर ध्यान लगाने से मन शांत होता है, तनाव कम होता है और एकाग्रता बढ़ती है।

सौभाग्य की प्राप्ति: इसके प्रभाव से परिवार में सुख, शांति, सौहार्द और यश की वृद्धि होती है।

श्री यंत्र स्थापना और पूजा विधि


श्री यंत्र का पूरा लाभ उठाने के लिए इसकी सही स्थापना बहुत जरूरी है:

धातु व प्रकार: यह ताम्रपत्र, रजत (चांदी), स्वर्ण या स्फटिक (क्रिस्टल) का हो सकता है। स्फटिक का श्री यंत्र सबसे उत्तम माना जाता है।

दिशा: इसे घर के मंदिर या तिजोरी में उत्तर या उत्तर-पूर्व (ईशान कोण) दिशा में स्थापित करना चाहिए, और इसका मुख साधक की ओर होना चाहिए।

दिन: इसकी स्थापना शुक्रवार, दिवाली, नवरात्रि या किसी शुभ मुहूर्त में की जानी चाहिए।

मंत्र: नियमित रूप से इसे शुद्ध जल या पंचामृत से स्नान कराकर, कुमकुम का तिलक लगाकर 

"ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद श्रीं ह्रीं श्रीं ॐ महालक्ष्म्यै नमः" या सरल स्वरूप  "ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं नमः" मंत्र का जाप करना अत्यंत फलदायी होता है।


अंत में श्री यंत्र केवल एक धार्मिक प्रतीक नहीं, बल्कि प्राचीन भारतीय विज्ञान, गणित और अध्यात्म का बेजोड़ संगम है। यह केवल एक ज्यामितीय आकृति नहीं है, बल्कि यह ब्रह्मांड की उत्पत्ति, विकास और मानव शरीर की ऊर्जा का प्रतीक है।

इसके कुछ लिंक इस लेख में दिए गए है आप वहाँ से इसे खरीद सकते हैं | 

धन्यवाद | 

 

5 प्लांट/पौधे जिन्हें आप घर पर, बेडरूम में रख सकते हैं -
 
मनी प्लांट:- https://link.amazon/B0fz0tamV
स्नेक प्लांट:- https://link.amazon/B0cdMjzqI
वीपिंग फिग:- https://link.amazon/B0hCi9Eqv
बैम्बू पाम प्लांट:- https://link.amazon/B0iA24f90
स्पाइडर प्लांट:- https://link.amazon/B0gEssNDJ
 
कुछ महत्वपूर्ण रत्न  

माणिक:- https://link.amazon/B0dFzvi1D
नीलम:- https://link.amazon/B0aTEyk6i
पन्ना:- https://link.amazon/B069SwUoJ
मोती:- https://link.amazon/B04MM2k4i
पुखराज:- https://link.amazon/B03PImQ9x
लेहसुनिया:- https://link.amazon/B07sh0Y2W